सेल्स मैनेजमेंट और पाइपलाइन
पाइपलाइन रिव्यू में क्या पूछना चाहिए?
सिर्फ डील्स के नाम और प्रतिशत पढ़ना एक औपचारिकता है। यहाँ वे सवाल दिए गए हैं जो वाकई डील्स को आगे बढ़ाते हैं।
संक्षेप में
पूछिए कि कमर्शियल समस्या क्या है, डिसीजन-मेकर कौन है, डिसीजन लेने की प्रक्रिया क्या है, अगला कदम क्या तय है, अगर डील रुकी है तो क्यों, और ग्राहक को छह महीने बाद के बजाय अभी फैसला क्यों लेना चाहिए। अगर किसी सवाल से आपको या सेल्सपर्सन को यह तय करने में मदद नहीं मिलती कि आगे क्या करना है, तो उसे छोड़ दें — वह सिर्फ समय बर्बाद करना है, डील मैनेज करना नहीं।
ज़्यादातर पाइपलाइन रिव्यूज जो मैंने देखे हैं, वे सिर्फ डील के नामों, एक स्टेज और किसी भी मनमाने प्रतिशत की लिस्ट होते हैं। सेल्सपर्सन पढ़ता है, ओनर सिर हिलाता है, और मीटिंग खत्म होने तक डील में कुछ नहीं बदलता। यह कोई रिव्यू नहीं है — यह मैनेजमेंट के नाम पर सिर्फ एक स्टेटस अपडेट है।
एक असली पाइपलाइन रिव्यू यह बदलता है कि आगे क्या होगा — किसी खास डील पर, इस हफ्ते। इसका मतलब है ऐसे सवाल पूछना जिनसे कोई एक्शन निकले, न कि सिर्फ कोई नंबर।
असली स्टेज क्या है?
CRM में जो स्टेज दिख रही है, वह नहीं — असल में क्या हुआ है? सात हफ्ते से 'प्रपोजल भेजा गया' स्टेज में पड़ी डील, जिसमें कोई फॉलो-अप नहीं हुआ, प्रपोजल स्टेज की डील नहीं है। यह एक रुकी हुई डील है जिसने गलत लेबल पहन रखा है। सेल्सपर्सन से कहिए कि वह आखिरी असली बातचीत के बारे में बताए, सिस्टम स्टेटस के बारे में नहीं।
यह ग्राहक के लिए कौन सी कमर्शियल समस्या हल करती है?
अगर सेल्सपर्सन इसे एक वाक्य में नहीं बता सकता, तो उसके पास कोई डील नहीं है — उसके पास सिर्फ एक ऐसा संपर्क है जो मीटिंग में विनम्र था। उस कारोबारी वजह के लिए दबाव डालें जिसकी वजह से बातचीत शुरू हुई थी: लागत, क्षमता, जोखिम, कंप्लायंस या कोई ग्राहक जिसे वे खोने वाले हैं। अगर कोई स्पष्ट समस्या नहीं, तो डील भी असली नहीं है।
डिसीजन-मेकर कौन है?
एक 'चैंपियन' जिसे आइडिया पसंद है और एक वह व्यक्ति जो डील साइन करता है, दोनों में फर्क है। पूछें कि क्या सेल्सपर्सन ने असली बजट होल्डर से बात की है। अगर जवाब है 'मैं सिर्फ ऑप्स मैनेजर से मिला हूँ', तो पता करें कि क्या वह व्यक्ति वाकई खरीदारी कर सकता है।
अगला एक्शन और समयसीमा
हर डील के साथ एक ठोस अगला कदम और तारीख होनी चाहिए — 'फॉलो-अप करेंगे' नहीं, बल्कि 'गुरुवार सुबह फाइनेंस डायरेक्टर को कॉल करेंगे' जैसा एक्शन। अगर डील से कोई ठोस अगला कदम नहीं निकल रहा, तो यही असली समस्या है: सेल्सपर्सन खुद नहीं जानता कि डील को आगे कैसे बढ़ाया जाए।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या मुझे हर बार CRM की हर डील रिव्यू करनी चाहिए?
नहीं, इससे रिव्यू सिर्फ एक स्टेटस सुनाने जैसी हो जाएगी। इस तिमाही में क्लोज़ होने वाली डील्स, कुछ हफ्तों से जो रुकी हैं, और जो डील आपके लिए ज़रूरी वैल्यू रखती हैं, उन्हें प्राथमिकता दें।
अगर सेल्सपर्सन सवालों से डिफेंसिव हो जाए तो?
इसे उन पर नज़र रखने के बजाय, डील जीतने में उनकी मदद करने की तरह पेश करें। अगर कोई सवाल किसी कमी को उजागर करता है, तो अगला वाक्य इस पर होना चाहिए कि ग्राहक के साथ उस कमी को कैसे पूरा करें, न कि सेल्सपर्सन की काबिलियत पर कोई टिप्पणी।
