फाउंडर-लेड ग्रोथ
फाउंडर के काम के घंटे बढ़ाए बिना बिज़नेस कैसे बढ़ाएँ?
जब फाउंडर ही सेल्स इंजन हो, तो ग्रोथ एक सीमा पर आकर रुक जाती है। यहाँ बताया गया है कि उस जाल से बाहर कैसे निकलें।
मुख्य समाधान
बिना फाउंडर के काम के घंटे बढ़ाए ग्रोथ हासिल करने के लिए सेल्स को एक 'व्यक्तिगत हुनर' से बदलकर एक 'सिस्टम' बनाना होगा। इसका मतलब है अपनी जानकारी को प्रोसेस में ढालना, सेल्स की ज़िम्मेदारी दूसरों को सौंपना और नतीजों के बजाय एक्टिविटी पर ध्यान देना। असली चुनौती काम सौंपना (delegation) नहीं, बल्कि कंट्रोल छोड़ना और टीम को वे टूल्स देना है जिनसे वे फाउंडर जैसी क्वालिटी डिलीवर कर सकें। जब तक बिज़नेस मालिक हर डील में शामिल है, तब तक बिज़नेस मालिक के समय से ज़्यादा कभी नहीं बढ़ पाएगा।
ज़्यादातर शुरुआती ग्रोथ फाउंडर की ऊर्जा और मेहनत से आती है। लेकिन एक वक्त आता है जब फाउंडर के पास और समय नहीं बचता। यहाँ बिज़नेस 'प्लेटो' (plateau) कर जाता है — यानी मेहनत उतनी ही रहती है पर रेवेन्यू नहीं बढ़ता।
इस मोड़ पर ज़्यादा मेहनत करना समाधान नहीं है, बल्कि सेल्स के तरीके को बदलना समाधान है।
फाउंडर का जाल क्या है?
फाउंडर का जाल तब बनता है जब हर बड़ी डील, हर महत्वपूर्ण रिश्ता और हर सेल्स का फैसला फाउंडर की मेज़ से होकर गुज़रता है। यह बिज़नेस की मजबूती लगती है, पर असल में यह ग्रोथ की सबसे बड़ी रुकावट है।
अगर आपकी गैर-मौजूदगी में सेल्स रुक जाती है, तो आपके पास एक बिज़नेस नहीं, बल्कि एक बहुत ही तनावपूर्ण नौकरी है।
सिस्टम की शक्ति
- अपनी सेल्स पिच और प्रोसेस को डॉक्युमेंट करें ताकि दूसरे उसे दोहरा सकें।
- एक CRM का इस्तेमाल करें ताकि जानकारी सिर्फ आपके दिमाग में न रहे।
- छोटी और कम रिस्क वाली डील्स से टीम को सेल्स सौंपना शुरू करें।
- नतीजों (revenue) के बजाय एक्टिविटी (calls, meetings) को ट्रैक करें।
मानसिक बदलाव
फाउंडर के लिए सबसे मुश्किल काम यह मानना है कि कोई और भी सेल्स कर सकता है। हो सकता है कि वे आपकी तरह 100% परफेक्ट न हों, लेकिन अगर वे 80% भी सही काम करते हैं और आपसे आधा समय लेते हैं, तो यह बिज़नेस के लिए नेट प्लस है।
आपका काम अब 'बेचना' नहीं, बल्कि 'बेचने का माहौल' बनाना है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या क्लाइंट हमेशा फाउंडर से ही बात नहीं करना चाहेंगे?
शुरुआत में शायद हाँ, लेकिन अगर आपकी टीम वैल्यू डिलीवर करती है, तो क्लाइंट को फर्क नहीं पड़ता। यह आपके ऊपर है कि आप टीम को क्लाइंट के सामने कैसे पेश करते हैं।
पहली सेल्स हायरिंग कब करनी चाहिए?
तब, जब आप सेल्स के कामों की वजह से बिज़नेस की स्ट्रेटेजी पर ध्यान नहीं दे पा रहे हों, या जब आपके पास इतनी लीड्स हों कि आप अकेले उन्हें संभाल न सकें।
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हम फाउंडर्स को सेल्स ऑपरेशंस से बाहर निकलने और एक ऑटोमेटेड ग्रोथ इंजन बनाने में मदद करते हैं।
